प्रतापगढ़. जिले में राज्य सरकार द्वारा संचालित समर्थन मूल्य पर मूंगफली खरीद लगातार जारी है। जिले में कुल तीन खरीद केंद्र स्थापित किए गए हैं, जहां प्रतिदिन बड़ी संख्या में किसान अपनी उपज लेकर पहुंच रहे हैं। सरकारी खरीद की सुव्यवस्थित व्यवस्था और बाजार भाव की तुलना में अधिक समर्थन मूल्य मिलने से किसानों में विशेष उत्साह देखा जा रहा है।
बगवास स्थित नवीन कृषि उपज मंडी में अब तक 168 किसानों से कुल 3833.55 क्विंटल मूंगफली की खरीद की जा चुकी है। इस बार राज्य सरकार ने मूंगफली का समर्थन मूल्य 7263 रुपये प्रति क्विंटल निर्धारित किया है। मंडी में सुबह से ही ट्रैक्टर-ट्रॉलियों का आना शुरू हो जाता है, और तौल व गुणवत्ता जांच के बाद किसानों को उनकी उपज का भुगतान सुनिश्चित किया जा रहा है।
केंद्र प्रभारी मुकेश पाटीदार ने बताया कि प्रतापगढ़ केंद्र पर अब तक 208 किसानों ने मूंगफली का पंजीयन करवाया है, जबकि छोटी सादड़ी केंद्र पर 1215 किसान पंजीकृत हुए हैं। जबकि सोयाबीन में 300 किसानों ने पंजीयन करवाया जिसमें से 70 किसने की 1521 क्विंटल सोयाबीन का तौल हो चुका है। जिले में मूंगफली के पंजीकृत किसानों में से अभी तक 168 किसानों की उपज खरीदी जा चुकी है। सरकार ने प्रति किसान अधिकतम 40 क्विंटल तक खरीद सीमा निर्धारित की है, ताकि अधिक से अधिक किसानों को इस योजना का लाभ मिल सके। कृषि विभाग के अधिकारियों का कहना है कि इस सीजन में मूंगफली का उत्पादन अच्छा हुआ है, और साथ ही खरीद प्रक्रिया भी बिना किसी बाधा के सुचारू रूप से जारी है।
मंडी में किसानों की बढ़ती भागीदारी का मुख्य कारण यह है कि समर्थन मूल्य वर्तमान बाजार भाव से अधिक है। किसान अपनी उपज के उचित मूल्य के लिए सरकारी खरीद को प्राथमिकता दे रहे हैं, जिससे उन्हें आर्थिक सुरक्षा भी मिल रही है। मूंगफली के आवाज में किसानों को अब तक 2 करोड़ 45 लाख 23 हजार 170 रुपए का भुगतान किया जा चुका है, वहीं सोयाबीन के लिए 42 लाख 62 हजार 400 रुपए का भुगतान किया जा चुका है गौरतलब है कि क्षेत्र के कई किसान अभी भी पंजीयन नहीं करा पाए हैं। ऐसे में किसान वर्ग की यह मांग भी सामने आ रही है कि यदि सरकार पंजीयन प्रक्रिया को दोबारा खोले, तो जिले के और भी अनेक किसान इस योजना का लाभ उठा सकेंगे।
