प्रतापगढ़/पीपलखूंट. क्षेत्र के मोवाई पाड़ा तालाब एवं गलियां वाला खोरा तालाब में लंबे समय से बनी लीकेज की समस्या अब गंभीर रूप ले चुकी है। तालाबों से लगातार पानी रिसने के कारण दोनों तालाब पूरी तरह सूख चुके हैं, जिससे किसानों और पशुपालकों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। ग्रामीणों के अनुसार तालाब की बाईपास छोटी होने के कारण पानी ठहर नहीं पाता और हर साल दिसंबर माह तक ही तालाब सूख जाते हैं।
मोवाई पाड़ा, जो पीपलखूंट का एक वार्ड है, तथा मोवाई गांव, जो घंटाली ग्राम पंचायत के अंतर्गत आता है, दोनों ही गांवों में इस समय पानी की भारी किल्लत बनी हुई है। हालात ऐसे हैं कि ग्रामीणों के साथ-साथ जंगल क्षेत्र में जाने वाली गाय-भैंसों के लिए भी पीने के पानी का गंभीर संकट उत्पन्न हो गया है।
मोवाई के किसान विजय निनामा ने बताया कि रबी फसल को समय पर सिंचाई नहीं मिल पाने से फसल सूखने की कगार पर पहुंच गई है। खेतों में नमी की कमी के कारण उत्पादन प्रभावित होने की आशंका है, जिससे किसानों की आर्थिक स्थिति पर भी सीधा असर पड़ रहा है। पशुपालकों को दूर-दराज के क्षेत्रों से पानी लाने को मजबूर होना पड़ रहा है। ग्रामीणों का कहना है कि यदि समय रहते तालाब की मरम्मत कर लीकेज को नहीं रोका गया, तो आने वाले दिनों में हालात और बिगड़ सकते हैं। ग्रामीणों ने तालाब की बाईपास को बढ़ाने, पुख्ता मरम्मत कार्य कराने और पानी की स्थायी व्यवस्था सुनिश्चित करने की मांग की है। इस समस्या को लेकर दोनों गांवों के ग्रामीणों में आक्रोश व्याप्त है।
