प्रतापगढ़। जिले में सामने आए यूरिया कालाबाजारी मामला ने किसानों की चिंता बढ़ा दी है। खेती के लिए आवश्यक यूरिया को अवैध रूप से दूसरे जिले में भेजने की कोशिश को कृषि विभाग ने समय रहते नाकाम कर दिया।
धोलापानी क्षेत्र में अवैध यूरिया परिवहन पकड़ा गया
कृषि विभाग द्वारा की जा रही सतत निगरानी के दौरान ग्राम पंचायत धोलापानी क्षेत्र में एक संदिग्ध वाहन को रोका गया। जांच में सामने आया कि वाहन संख्या RJ 09 GB 6051 में 140 बैग यूरिया अवैध रूप से भरे हुए थे। यह यूरिया जलोदिया केलुखेड़ा से भरकर डूंगरगांव, जिला बांसवाड़ा की ओर ले जाया जा रहा था।

वाहन जब्त, यूरिया सहकारी समिति को सौंपा
कार्रवाई के दौरान कृषि विभाग ने वाहन को यूरिया सहित जब्त कर पुलिस थाना धोलापानी को सुपुर्द किया। जब्त किए गए यूरिया बैग सहकारी समिति सियाखेड़ी को सौंपे गए, ताकि किसानों को नियमानुसार वितरण सुनिश्चित किया जा सके।
उर्वरक नियंत्रण आदेश के तहत आगे की कार्रवाई
यह यूरिया कालाबाजारी मामला सहायक निदेशक कृषि (विस्तार) पर्वतदान चारण एवं कृषि अधिकारी (प्रशिक्षण) नंद किशोर प्रजापत द्वारा संपादित किया गया। प्रकरण में उर्वरक नियंत्रण आदेश (FCO), 1985 के तहत आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।
प्रशासन का सख्त रुख, पारदर्शी वितरण के निर्देश
संयुक्त निदेशक कृषि बंशीधर मीणा ने बताया कि जिले में यूरिया वितरण प्रत्येक केंद्र पर कृषि पर्यवेक्षक या सहायक कृषि अधिकारी की मौजूदगी में ही किया जाएगा। यह कार्रवाई जिला कलक्टर एवं अतिरिक्त निदेशक कृषि (विस्तार), उदयपुर के निर्देशानुसार की गई।
किसानों से अपील
कृषि विभाग ने किसानों से अपील की है कि वे आवश्यकता के अनुसार ही उर्वरक खरीदें, अनिवार्य रूप से बिल प्राप्त करें, अनावश्यक भंडारण न करें और मृदा स्वास्थ्य कार्ड की सिफारिशों के अनुसार ही उर्वरकों का उपयोग करें।
